प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना - आवेदन करने के लिए जरुरी डाक्यूमेंट्स

क्या आपको नही लगता है कि हमारे देश में एक से बढ़कर एक प्रतिभाशाली लोग हैं। हम कह सकते हैं कि भारत में प्रतिभा की कोई कमी नही है। फिर भी भारत में बेरोजगारी की संख्या इतनी अधिक क्यों है? इस सवाल का उत्तर है कि भारत में प्रतिभा को निखारकर कुशलता में बदला नही जाता है।

कई लोग यह पूछेंगे कि कुशलता क्या है? आपको बता दें कि कुशलता शब्द की अंग्रेजी स्किल है। किसी प्रोडक्ट बनाने में महारत हासिल करना कुशलता कहलाता है। कुशलता यानी अपने सेक्टर में परफेक्ट होना।

भारत में ऐसे बहुत कम संस्थान हैं जहां अभ्यर्थियों का कौशल विकास किया जाता है यानी व्यक्ति के अंतर्निहित ज्ञान का विकास नही किया जाता है। इस तरह भारत के लोग स्कूली पढ़ाई ही ज्ञान मान लेते हैं और क्लास दर क्लास पढ़ते जाते हैं परीक्षा पास करते जाते हैं।

एक समय ऐसा भी आता है कि सभी स्कूली पढ़ाई और कालेज की पढ़ाई समाप्त हो जाती है फिर लोगों के पास नौकरी नही होती है यानी वह बेरोजगार हो जाते हैं। उनके सामने उनका भविष्य अंधकारमय नजर आने लगता है।

ऐसे में उन लोगों को जो भी काम मिलता है, चाहें वह काम उनको पसंद हो या ना पसंद हो, सैलरी उनके मनमुताबिक मिल रही हो या नही मिल रही उस काम को वह लोग मन-मार के करते रहते हैं यानी वह अपना जीवन ऐसे जीने लगते हैं जैसे वह अपना जीवन काट रहे हो।

क्या ऐसी परिस्तिथियों को बदला नही जा सकता है? बिल्कुल बदला जा सकता है। कैसे बदला जा सकता है? इसका उत्तर है कि देश में कौशल विकास को प्रमुखता दी जाए जिससे यह जो लोग जिस व्यवसाय में जाना चाहते हैं वह उस व्यवसाय की ट्रेनिंग लेकर बेहतर तरीके से अपना जीवन निर्वाह कर सके।

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क्या सरकार की तरफ से ऐसा कोई प्रयास किया जा रहा है?

केन्द्र सरकार की तरफ से भारत में कौशल विकास की ट्रेनिंग देने का हरसंभव प्रयास किया जा रहा है। 2014 में जब नरेंद्र मोदी जी प्रधानमंत्री बने तब से ही वह ऐसा तरीका निकालना चाहते थे जिससे लोग काम सीखकर स्वरोजगार अपना सके और अपनी आर्थिक स्थिति मजबूत करने के साथ ही देश के विकास में भी योगदान कर सके।

प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना – PMKVY क्या है?

15 जुलाई 2015 को केन्द्र सरकार द्वारा प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना शुरु हुई। प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना को को PMKVY के नाम से भी जाना जाता है। इस योजना के तहत हर जिले में ऐसे ट्रेंनिग सेंटर खोलने की व्यवस्था की गई जिसमे अभार्थियों को उनके द्वारा चुने गये कोर्स की ट्रेनिग निशुल्क प्रदान की जाती है।

इसे आम बोल - चाल की भाषा में स्किल ट्रेनिंग सेंटर कहा जाता है। इन स्किल सेंटर पर पंजीकरण कराने वाले अभ्यर्थियों को 3 महीने से लेकर 12 महीने तक की ट्रेनिंग निशुल्क देने के साथ ही सफलतापुर्वक ट्रेनिंग की परीक्षा पास करने पर 7 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि भी प्रदान की जाती है।

यानी सरकार लोगों को स्किल ट्रेनिंग देने के लिए प्रोत्साहन राशि भी दे रही है। अभ्यार्थी को दोगुना फायदा दिया जा रहा है। एक तो उन्हें निशुल्क ट्रेनिग दी जा रही है और ऊपर से प्रोत्साहन राशि भी प्रदान की जा रही है।

कौशल विकास योजना में आवेदन करने के लिए जरूरी कागज़ी दस्तावेज

PMKVY योजना का लाभ उठाने के लिए अभ्यार्थी को प्रधानमंत्री कौशल विकास केन्द्र में जाकर पंजीकरण कराना होता है। PMKVY पंजीकरण कराने से पहले अभ्यार्थी को अपने लिए कोई एक स्किल कोर्स सलेक्ट करना होता है यानी वह किस किस कोर्स की ट्रेनिंग करना चाहता है इसके बारे में बताना होता है।

जब जब अभ्यार्थी ट्रेनिंग कोर्स सलेक्ट कर लेता है तो उसे उस ट्रेनिंग सेंटर से यह कन्फर्म करना होता है कि यह कोर्स उस स्किल सेंटर पर चलता है या नही? जब कोर्स उस स्किल ट्रेनिंग सेंटर पर चलाया जा रहा हो तो अभ्यार्थी को उस सेंटर पर जाकर अपना रजिस्ट्रेशन करने के लिए कहना चाहिए।

स्किल कोर्स में रजिस्ट्रेशन के लिए अभ्यार्थी से कुछ जरूरी कागजात मांगे जाते हैं, जिन्हें अभ्यर्थियों को देना अनिवार्य होता है। स्किल कोर्स में रजिस्ट्रेशन के लिए लगने वाले जरूरी कागजातों की लिस्ट इस तरह है।

प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना आवेदन के लिए जरूरी दस्तावेज

इस तरह देखा जाये तो कोई भी व्यक्ति स्किल सेंटर में जाकर अपना रजिस्ट्रेशन करा सकता है और स्किल की ट्रेनिंग ले सकता है। आपको जानकरी के लिए बता दें कि स्किल ट्रेनिंग सेंटर पर समय –समय पर प्लेसमेंट होता रहता है, कम्पनियां आती हैं और टेस्ट का आयोजन करती हैं।

टेस्ट में जो अभ्यार्थी/कैंडीडेट उनको उनके काम के अनुसार फीट लगता है उस कैंडीडेट को तत्काल में नौकरी का प्रस्ताव भी मिल जाता है।

अगर कैंडीडेट नौकरी न करना चाहे बल्कि खुद का कारोबार शुरु करना चाहे तो भी उसको मुद्रा लोन योजना के तहत बिजनेस लोन देने में प्राथमिकता दी जाती है। यानी जिन कैंडीडेट को स्किल आती और वह स्वरोजगार शुरु करना चाहता है तो उनको मुद्रा बिजनेस लोन बहुत आसानी से मिल सकता है।

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